Sunday, 1 June 2014

'थाने पहुँचे तो सबसे पहले हमारी जात पूछी' - दिव्या आर्य बीबीसी , संवाददाता बदायूँ से


जातिवाद

ग्रामीणों का कहना है कि दस हज़ार की आबादी वाले इस गाँव में जाति की अहम भूमिका है. इन परिवारों के पड़ोसी रमेश कहते हैं कि भले ही क्लिक करेंप्रभावशाली जाति के लोगों की संख्या कम है लेकिन पुलिस और प्रशासन में उनकी जाति की भारी मौजूदगी के कारण वे लोग ताक़तवर हैं.
रमेश कहते हैं, "भले ही कुछ पुलिसवाले निलंबित कर दिए गए हैं लेकिन इससे कुछ नहीं बदलेगा क्योंकि जो नए आएंगे वे भी वैसे ही होंगे. वे भी भेदभाव करेंगे. हमारी जाति के लोग ग़रीब और कम पढ़े-लिखे होने की वजह से ताक़तवर और प्रभावशाली पदों तक नहीं पहुँच पाते हैं."
लड़कियों को बरामद करने का प्रयास करने के बजाए सिपाही सर्वेश ने कहा कि दो घंटे बाद तुम्हारी लड़कियाँ मिल जाएंगी. दो घंटे बीत गए लेकिन लड़कियाँ नहीं मिली. पुलिस से फिर पूछा तो कहा कि लड़कियाँ नहीं हैं, जाओ जाकर ढूंढो, कहीं पेड़ पर लटकी मिल जाएंगी."
एक मृतक लड़की के पिता
पीड़ित परिवार अब मामले की सीबीआई जाँच की माँग कर रहे हैं. लड़की के पिता कहते हैं, "हमें यहाँ की पुलिस पर कोई भरोसा नहीं हैं. हमारी बेटियों के शव पेड़ से लटके रहे और आरोपी खुले घूमते रहे. अब हमें सीबीआई जाँच चाहिए."
वो आरोप लगाते हैं कि बच्चियों की लाश मिलने के बाद भी पुलिस ने पीड़ित परिवार की कोई मदद नहीं की. वो कहते हैं, "पुलिस ने हमारी मदद करने के बजाए अभियुक्तों की ही मदद की. हमारी बेटियाँ चार बजे तक पेड़ पर लटकी रहीं, उसके बाद ही पुलिस ने हमारी कोई बात सुनी."

Friday, 23 May 2014

मौर्य विश्वास संघ की और से श्री नरेन्द्र मोदी जी को बधाई

पूरे देश में प्रचंड बहुमत के साथ चुनाव जीतने पर नरेन्द्र मोदी जी को हार्दिक बधाई एवं उनके आगे के कार्य के लिए ढेरों सुभकामनाएँ . निश्चित तौर पर अब देश की जनता ने यह साबित कर दिया है की उसे नरेन्द्र भाई मोदी से बहुत आशाएं हैं वह देश में अब विकाश एवं सुशासन चाहती है , जनता ने बता दिया है की वह अब समग्र राजनीती चाहती है न की तुस्टीकरण , धर्मनिरपेक्षता के नाम पर हो रहे तुस्टीकरण को भी जनता ने इस बार ठेंगा दिखा दिया है , सभी धर्मनिरपेक्ष दल अंडा लिए घूम रहे हैं और अपनी दुर्दशा के लिए सायद घर में छुपकर जनता पर दोष लगा रहे हैं . पर भाई इस बार जनता ने साबित कर दिया है की यह पब्लिक है सब जानती है इसने यदि जनादेश दिया है तो भारी आशाएं  भी पाली हैं श्री नरेन्द्र मोदी जी से और श्री नरेन्द्र मोदी जी का १४ वर्ष का सेवा का अनुभव भी जनता ने देखा है और मैं भी यह मानता हूँ की जनता ने इस बार सच में एक सच्चा गरीब परिवार से आया व्यक्ति प्रधानमंत्री पद के लिए चुना है जो हर दिक्कत को जानता है और यदि वह चाहे तो हर समस्या पर अपना बेहतर कार्य कर सकता है. मैं भी यह आशा करता हूँ की नरेन्द्र मोदी अच्छा कार्य करके दिखायेंगे .

मैं उन्हें हार्दिक सुभकामनाएँ देता हूँ एवं आशा करता हूँ की यह सरकार सच में गरीब . दलित , पिछड़े , वंचित , शोषितों के लिए कार्य करेगी एवम देश की हर समस्या पर उसका ध्यान रहेगा , एवं भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ जिसे किसान कहा जाता है उसके लिए उसकी समस्याओं के समाधान के लिए अपनी जान लगा देगी. वैसे कृषक वर्ग किसी से आशा तो नहीं रखता उसका पैसा वषों तक मिलें खाए रहती है , उसे एक भी रूपया देती है तो व्याज पहले लगा देती है . और सच में मैंने तो सुना है की चीनी मिलें नेताओं को बड़ा हिस्सा देती हैं अपनी कमाई का जिससे की वे उनके विर्र्ध कोई कारवाही न करें.